रविवार, 27 दिसंबर 2009
झारखण्ड में सीबू सोरेन की सरकार बनेगी बीजेपी के गले की फांश
झारखण्ड में सीबू सोरेन की सरकार बनवा कर बीजेपी वही गलती कर रही है जो यूपी में मायावती को बार बार समर्थन देकर की थी, जनता ने आपको विपक्ष में बैठने का जनादेश दिया है तुम सोनिया गाँधी के नेतृत्व में पले हुए भ्रस्ट नेता को सी एम बनाकर क्या सन्देश दे रहे हो, कांग्रेस ने तो लालू सीबू से पीछा छुडा लिया, अब बीजेपी यूपी वाली गलती दोहरा रही है, जब यूपी की जनता की तरह झारखण्ड की जनता भी बीजेपी को नमस्ते कर लेगी तब पता चलेगा
गुरुवार, 24 दिसंबर 2009
झारखण्ड में घोटाले के धन से चुनाव जीत कर फिर नया घोटाला करने के लिए मिली सत्ता
झारखण्ड की जनता ने एक बार फिर राज्य को चोरो के हवाले कर दिया, लोकतंत्र अब देश को खाने लगा है ,यहाँ दो दलीय प्रणाली की जरुरत है जिससे दुकाने बंद हो और जनता का पैसा जनता पर खर्च हो, विधायक एमपी खरीदने पर न हो , सविधान में संशोधन हो और सभी दलों को दो दलों के दायरे में लाया जाये, जिसे बीजेपी पसंद नहीं वो कांग्रेस को और जिसे कांग्रेस पसंद नहीं वो बीजेपी को वोट दे , साथ ही दोनों के प्रत्याशी को नापसंद करने पर किसी को भी वोट नहीं का विकल्प दिया जाये, तभी इस देश का भला होगा वर्ना घोटाले के धन से चुनाव जीत कर आने वाले नेता फिर नया घोटाला करने के लिए सत्ता के साथ खड़े होते रहेंगे जनता आटे दाल के भाव को रोती रहेगी.........
रविवार, 25 अक्टूबर 2009
विधान सभा चुनावो काग्रेस की जीत विपक्ष की कमजोरी है
महारास्ट्र, हरयाणा व् अरुणाचल में कांग्रेस की जीत देश में विपक्ष के कमजोर होने के कारण हुई है आजादी से लेकर आज तक कांग्रेस ने देश को बाँटने के अलावा किया ही क्या है, पाकिस्तान बनने से लेकर कश्मीर और अब अरुणाचल सब कांग्रेस की दी हुई समस्या है, असल में जनता पार्टी, जनता दल और बीजे पी का नैशनल पार्टी न बन पाना काग्रेस के घाघ नेताओ के लिए फ्येदे का सौदा रहा है, इसलिय महंगाई बढने के बाद भी विकल्प के आभाव में यही पार्टी फिर सत्ता में आ रही है,सोनिया गाँधी की नजदीकी और बोफोर्स घोटाले से जुड़े कव्त्रोची जैसो के लिए इससे सुकून की बात क्या हो सकती है. विपक्ष को आत्म मंथन कर अब सभी राज्यों में साझा कायकर्ता तय्यार करने होंगे ,वर्ना एक विदेसी महिला के चंगुल में कैद देश को बचाना मुस्किल होगा.
शनिवार, 10 अक्टूबर 2009
आयुर्वेद की जय होनी ही है
आयुर्वेद को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्रीय औषधीय पौध मिशन के तहत शुरू की जाने वाली औषधीय पौधों की खेती की योजना परवान चढ़ने लगी है। मेरठ, बागपत तथा कई अन्य जिलों के उद्यान अधिकारियों ने विभाग को किसानों की दिलचस्पी से अवगत कराया है। प्रदेश के 41 जिलों कानपुर देहात, इटावा, कन्नौज, मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फर नगर, बुलंदशहर, अलीगढ़, महामायानगर, एटा, कांशीराम नगर, बरेली, शाहजहांपुर, बदायूं, बिजनौर, मुरादाबाद, मथुरा, आगरा, झांसी, ललितपुर, जालौन, बांदा, हमीरपुर, महोबा, चित्रकूट, इलाहाबाद, कौशाम्बी, फतेहपुर, प्रतापगढ़, मिर्जापुर, सोनभद्र, चंदौली, जौनपुर, गाजीपुर, वाराणसी, बलरामपुर, श्रावस्ती, फैजाबाद, अंबेडकर नगर, बाराबंकी और सीतापुर में योजना संचालित की जा रही है।
राष्ट्रीय औषधीय पादप बोर्ड द्वारा जारी सूची के मुताबिक सर्वाधिक अनुदान स्टीविया की खेती पर 62,500 रुपये दिया जायेगा। आंवला की खेती पर 13,000 रुपये प्रति हेक्टेयर, अश्वगंधा पांच हजार प्रति हेक्टेयर, ब्राम्ही 8,000 रुपये, कालमेघ 5,000 रुपये, कौंच चार हजार, सतावर 12,500 रुपये, घृतकुमारी 8,500 रुपये और तुलसी की खेती करने पर छह हजार रुपये प्रति हेक्टेयर के हिसाब से अनुदान दिया जायेगा। अंग्रजी दवा के परयोग से परेशान मरीज आयुर्वेद अपना रहे है आयुर्वेद की जय होनी ही है.
शुक्रवार, 9 अक्टूबर 2009
दलित के घर खाना खाने की बात मीडिया में छपवाना दलित का अपमान
दलित के घर खाना खाने और रात में रुकने का ड्रामा करके राहुल गाँधी ने दलितों को फिर से अपमानित करने का काम किया है , जब समाज जाती बंधन तोड़ता जा रहा है, तब ये कथित नेता ढोंग रच कर अपना वोट बैंक बनाने में जुटे है. आज पड़े लिखे समाज में कौन जाती देख रहा है, लव मेरिज हो रही है. लकिन यही होता रहा तो नेताओ की दूकान कैसे चेलेगी. जागो समाज जागो
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